पंचायत सहायक मानदेय ₹30000 बढ़ाने एवं अन्य मांगों को पूरा करने के लिए ज्ञापन सौंपा

पंचायत सहायक कर्मचारी यूनियन उत्तर प्रदेश ज्ञापन कार्यक्रम 4 जून 2026 | गोरखपुर जिला शाखा

पंचायत सहायक कर्मचारी यूनियन उत्तर प्रदेश का ज्ञापन कार्यक्रम 4 जून 2026 को

उत्तर प्रदेश के पंचायत सहायकों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर एकजुट होकर आवाज उठाने का निर्णय लिया है। पंचायत सहायक कर्मचारी यूनियन, उत्तर प्रदेश की जनपद शाखा गोरखपुर द्वारा 4 जून 2026 को एक महत्वपूर्ण ज्ञापन कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य पंचायत सहायकों की समस्याओं और मांगों को सरकार एवं विभाग के समक्ष प्रभावी रूप से प्रस्तुत करना है।

ज्ञापन कार्यक्रम का उद्देश्य

पंचायत सहायकों का कहना है कि वे ग्राम पंचायतों में डिजिटल और प्रशासनिक कार्यों की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी निभा रहे हैं, लेकिन उन्हें पर्याप्त संसाधन, सुविधाएं और अधिकार नहीं मिल पा रहे हैं। इसी कारण संगठन ने "संसाधन नहीं तो कार्य नहीं" अभियान के तहत अपनी मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपने का निर्णय लिया है।

सरकार से प्रमुख मांगें

  • पंचायत सहायकों का मानदेय बढ़ाकर ग्राम पंचायत सचिव के समकक्ष न्यूनतम ₹30,000 प्रतिमाह किया जाए।
  • अनुबंध प्रणाली समाप्त कर स्थायी सेवा नियमावली लागू की जाए।
  • महिला पंचायत सहायकों के लिए स्थानांतरण एवं समायोजन नीति लागू की जाए।
  • ग्राम पंचायत अधिकारी एवं ग्राम विकास अधिकारी के रिक्त पदों की भर्ती में पंचायत सहायकों को 50% आरक्षण दिया जाए।
  • पंचायत सहायकों एवं उनके परिवारों को आयुष्मान भारत योजना का लाभ प्रदान किया जाए।

विभाग से प्रमुख मांगें

  • विभागीय कार्यों के निष्पादन हेतु पंचायत सहायकों को मोबाइल फोन उपलब्ध कराया जाए।
  • पंचायत सहायक पोर्टल को शीघ्र प्रारंभ किया जाए।
  • प्रत्येक माह इंटरनेट एवं स्टेशनरी हेतु अलग बजट प्रदान किया जाए।
  • पंचायत सहायकों से गैर विभागीय कार्य कराना बंद किया जाए।
  • सभी पंचायत सहायकों को आधिकारिक परिचय पत्र जारी किए जाएं।

4 जून 2026 से कार्य बहिष्कार की चेतावनी

संगठन द्वारा जारी सूचना के अनुसार यदि पंचायत सहायकों की मांगों पर उचित कार्रवाई नहीं की जाती है, तो 4 जून 2026 से मोबाइल आधारित कार्यों एवं ऑनलाइन हाजिरी का बहिष्कार किया जाएगा। इस निर्णय का उद्देश्य पंचायत सहायकों की समस्याओं की ओर शासन और प्रशासन का ध्यान आकर्षित करना है।

संगठन की एकता ही शक्ति

यूनियन ने सभी पंचायत सहायकों से एकजुट रहने और संगठन को मजबूत बनाने की अपील की है। संगठन का मानना है कि सामूहिक प्रयासों से ही पंचायत सहायकों को उनके अधिकार और सम्मान प्राप्त हो सकते हैं।

निष्कर्ष

पंचायत सहायक कर्मचारी यूनियन द्वारा आयोजित यह ज्ञापन कार्यक्रम पंचायत सहायकों के भविष्य, रोजगार सुरक्षा और कार्य सुविधाओं से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों को सामने लाने का प्रयास है। अब सभी की निगाहें इस बात पर हैं कि सरकार और संबंधित विभाग इन मांगों पर क्या निर्णय लेते हैं।

कार्यक्रम विवरण

  • कार्यक्रम: ज्ञापन कार्यक्रम
  • तिथि: 4 जून 2026
  • संगठन: पंचायत सहायक कर्मचारी यूनियन उत्तर प्रदेश
  • जनपद: गोरखपुर
  • मुख्य नारा: संसाधन नहीं तो कार्य नहीं

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